Thursday, July 1, 2010

यक्ष-प्रश्न


व्यथा ने गहरा किया
दर्द ने ऊँचाई दी
दुख ने निखारा
लेकिन मन
रहा तलाशता
क्यों खुशी हरदम

1 comment:

  1. सचमुच यक्ष प्रश्‍न है !!

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मुझे फूलों से प्यार है, तितलियों, रंगों, हरियाली और इन शॉर्ट उस सब से प्यार है जिसे हम प्रकृति कहते हैं।